षडक्षर मंत्र
ॐ शरवणभवाय नमः।
- अंग्रेज़ी में
- Om Saravanabhavaya Namah
- ऐसे बोलें
- ॐ · शर-वण-भवाय · नमः
- कब जपें
- मंगलवार को, स्कंद षष्ठी और थाई पूसम पर।
- अर्थ
- शरवण वन में प्रकट हुए भगवान मुरुगन को प्रणाम।
- स्रोत
- षडक्षर मंत्र — दक्षिण भारतीय मुरुगन परंपरा
रोज़ के मंत्र
स्कंद — वेल (शक्ति-भाला) धारी, मोर जिनका वाहन है।
यहाँ भगवान कार्तिकेय / मुरुगन के वे मंत्र हैं जो घरों में रोज़ जपे जाते हैं। हर मंत्र के साथ आसान उच्चारण, सरल अर्थ और जपने का समय दिया गया है। किसी भी मंत्र पर बटन दबाइए — दिव्यमाला की डिजिटल माला गिनती संभाल लेगी, आप बस मन से नाम लीजिए।
जाप शुरू करेंषडक्षर मंत्र
ॐ शरवणभवाय नमः।
स्कंद नाम मंत्र
ॐ स्कन्दाय नमः।
“ॐ शरवणभवाय नमः” — शरवण वन में प्रकट हुए भगवान मुरुगन को प्रणाम। इसे मंगलवार को, स्कंद षष्ठी और थाई पूसम पर जपा जाता है।
108 मनकों की माला सबसे प्रचलित है, पर यह ज़रूरी नहीं। समय कम हो तो 11 या 21 बार भी श्रद्धा से जप सकते हैं। दिव्यमाला में 11, 21, 51, 108 या अपनी गिनती चुन सकते हैं।
हाँ। दिव्यमाला आपके फ़ोन को ही माला बना देती है — हर नाम पर एक टैप, और गिनती अपने आप। कोई अकाउंट या इंटरनेट ज़रूरी नहीं (पहली बार खोलने के बाद)।