शरण घोष
स्वामिये शरणम् अय्यप्पा।
- अंग्रेज़ी में
- Swamiye Saranam Ayyappa
- ऐसे बोलें
- स्वामिये · शरणम् · अय्यप्पा
- कब जपें
- मंडल व्रत के दिनों में, यात्रा में, हर समय।
- अर्थ
- हे स्वामी अय्यप्पा, मैं आपकी शरण में हूँ।
- स्रोत
- सबरीमला परंपरा का शरण घोष
रोज़ के मंत्र
सबरीमला के स्वामी — अठारह पवित्र सीढ़ियाँ और मकर ज्योति।
यहाँ भगवान अय्यप्पा के वे मंत्र हैं जो घरों में रोज़ जपे जाते हैं। हर मंत्र के साथ आसान उच्चारण, सरल अर्थ और जपने का समय दिया गया है। किसी भी मंत्र पर बटन दबाइए — दिव्यमाला की डिजिटल माला गिनती संभाल लेगी, आप बस मन से नाम लीजिए।
जाप शुरू करेंशरण घोष
स्वामिये शरणम् अय्यप्पा।
“स्वामिये शरणम् अय्यप्पा” — हे स्वामी अय्यप्पा, मैं आपकी शरण में हूँ। इसे मंडल व्रत के दिनों में, यात्रा में, हर समय जपा जाता है।
108 मनकों की माला सबसे प्रचलित है, पर यह ज़रूरी नहीं। समय कम हो तो 11 या 21 बार भी श्रद्धा से जप सकते हैं। दिव्यमाला में 11, 21, 51, 108 या अपनी गिनती चुन सकते हैं।
हाँ। दिव्यमाला आपके फ़ोन को ही माला बना देती है — हर नाम पर एक टैप, और गिनती अपने आप। कोई अकाउंट या इंटरनेट ज़रूरी नहीं (पहली बार खोलने के बाद)।